गोरखपुर में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने युवाओं को लेकर बड़ा बयान दिया और माफिया तंत्र तथा नशे की लत को युवा शक्ति के लिए गंभीर खतरा बताया। उन्होंने कहा कि युवाओं की ऊर्जा अगर सही दिशा में लगाई जाए तो यही शक्ति देश और प्रदेश के विकास का आधार बन सकती है, लेकिन माफिया संस्कृति और नशे की प्रवृत्ति युवाओं के भविष्य को नुकसान पहुंचा सकती है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने संबोधन के दौरान विपक्ष पर भी तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि पिछली सरकारों के समय युवाओं के हित में पर्याप्त काम नहीं हुआ और युवाओं की ऊर्जा का सही इस्तेमाल करने के लिए प्रभावी प्रयास नहीं किए गए। मुख्यमंत्री ने कहा कि आज युवाओं को बेहतर अवसर देने और उन्हें सकारात्मक दिशा में आगे बढ़ाने की जरूरत है।
सीएम योगी ने कहा कि माफिया संस्कृति सिर्फ कानून-व्यवस्था के लिए चुनौती नहीं है, बल्कि इसका सीधा असर समाज और युवा पीढ़ी पर भी पड़ता है। माफिया तंत्र युवाओं को गलत रास्ते पर ले जाने का काम करता है और इससे उनकी क्षमता तथा भविष्य दोनों प्रभावित होते हैं। उन्होंने युवाओं को ऐसे किसी भी प्रभाव से दूर रहने की सलाह दी।
मुख्यमंत्री ने नशे की लत को भी युवाओं के लिए बड़ी चुनौती बताया। उन्होंने कहा कि नशा व्यक्ति के स्वास्थ्य के साथ-साथ उसके परिवार और पूरे समाज को प्रभावित करता है। युवाओं को नशे से दूर रखने के लिए परिवार, समाज और सरकार सभी को मिलकर काम करना होगा। युवाओं को अपनी ऊर्जा रचनात्मक और सकारात्मक गतिविधियों में लगाने की जरूरत है।
इस दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने युवाओं को खेलों से जुड़ने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि खेल न सिर्फ शरीर को स्वस्थ रखते हैं बल्कि अनुशासन, आत्मविश्वास और टीम भावना भी विकसित करते हैं। युवाओं को नियमित रूप से खेलों में हिस्सा लेना चाहिए और अपनी प्रतिभा को आगे बढ़ाने का प्रयास करना चाहिए।
सीएम योगी ने स्मार्टफोन और सोशल मीडिया के बढ़ते इस्तेमाल को लेकर भी युवाओं को सावधान किया। उन्होंने कहा कि तकनीक का इस्तेमाल ज्ञान और विकास के लिए किया जाना चाहिए, लेकिन मोबाइल की लत युवाओं के समय और क्षमता को प्रभावित कर सकती है। युवाओं को यह तय करना होगा कि स्मार्टफोन उनके जीवन को नियंत्रित न करे, बल्कि वे तकनीक का इस्तेमाल अपने लक्ष्य को हासिल करने के लिए करें।
मुख्यमंत्री ने युवाओं से पढ़ाई, खेल, रोजगार और रचनात्मक गतिविधियों पर ध्यान देने की अपील की। उन्होंने कहा कि युवा शक्ति को सही दिशा मिले तो प्रदेश के विकास में बड़ा बदलाव लाया जा सकता है। सरकार की जिम्मेदारी है कि युवाओं को बेहतर माहौल और अवसर उपलब्ध कराए जाएं।
इसी क्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जल्द नई युवा नीति लाने का भी ऐलान किया। इस नीति के जरिए युवाओं से जुड़े मुद्दों पर सरकार की योजनाओं और प्राथमिकताओं को और व्यवस्थित तरीके से आगे बढ़ाने की बात कही गई है। नई नीति में युवाओं के विकास, कौशल और अवसरों से जुड़े विषयों पर जोर दिए जाने की उम्मीद है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश के युवा प्रतिभा और क्षमता के मामले में किसी से पीछे नहीं हैं। जरूरत सिर्फ उन्हें सही दिशा, बेहतर अवसर और सुरक्षित वातावरण देने की है। उन्होंने युवाओं से अपील की कि वे अपनी ऊर्जा को नशे, अपराध और नकारात्मक गतिविधियों में बर्बाद करने के बजाय खेल, शिक्षा और रोजगार की दिशा में लगाएं।
गोरखपुर में मुख्यमंत्री का यह बयान ऐसे समय आया है जब सरकार की ओर से युवाओं को नशे और अपराध से दूर रखने पर लगातार जोर दिया जा रहा है। माफिया तंत्र के खिलाफ कार्रवाई और युवाओं के लिए सकारात्मक अवसर पैदा करना सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल बताया जा रहा है।
सीएम योगी ने अपने संबोधन में साफ संदेश दिया कि प्रदेश की युवा शक्ति ही आने वाले समय में उत्तर प्रदेश की दिशा तय करेगी। ऐसे में युवाओं को नशे और अपराध से दूर रखते हुए खेल, शिक्षा, तकनीक और रोजगार से जोड़ना जरूरी है। अब देखना होगा कि प्रस्तावित नई युवा नीति के जरिए सरकार इन चुनौतियों से निपटने और युवाओं के लिए नए अवसर तैयार करने के लिए क्या कदम उठाती है।


