Top 5 This Week

spot_img

Related Posts

Smriti Irani ने ‘क्योंकि सास भी कभी बहू थी 2’ को कहा भावुक अलविदा, पर्दे के पीछे की टीम को किया सलाम

टेलीविजन की दुनिया से एक भावुक कर देने वाली खबर सामने आई है। मशहूर धारावाहिक ‘क्योंकि सास भी कभी बहू थी 2’ के सफर को अभिनेत्री और राजनेता स्मृति ईरानी ने खास अंदाज में अलविदा कहा है। उन्होंने एक बिहाइंड-द-सीन्स वीडियो साझा किया, जिसमें उन लोगों को सामने लाया गया है, जो कैमरे के पीछे रहकर इस धारावाहिक को खास बनाने में जुटे रहते हैं। इस वीडियो में स्मृति ईरानी के साथ अमर उपाध्याय और हितेन तेजवानी भी नजर आए। शो के समापन के मौके पर सामने आया यह वीडियो दर्शकों को पर्दे के पीछे की दुनिया की झलक दिखाता है।

वीडियो की शुरुआत में स्मृति ईरानी, अमर उपाध्याय और हितेन तेजवानी के साथ दर्शकों का अभिवादन करती दिखाई देती हैं। इसके बाद वह दर्शकों को शो की उस टीम से मिलवाती हैं, जो कहानी को पर्दे पर जीवंत बनाने के लिए लगातार काम करती है। इसमें प्रोडक्शन यूनिट, छायांकन विभाग, निर्देशक और उनकी टीम के सदस्य शामिल हैं। आमतौर पर दर्शकों की नजर कलाकारों पर रहती है, लेकिन किसी भी धारावाहिक को सफल बनाने में पर्दे के पीछे काम करने वाले लोगों की भूमिका भी बेहद महत्वपूर्ण होती है।

स्मृति ईरानी ने वीडियो के साथ भावनात्मक संदेश भी साझा किया। उन्होंने दर्शकों का ध्यान उन लोगों की ओर खींचा, जो इस शो के पीछे की मेहनत और रचनात्मकता का अहम हिस्सा हैं। उनका संदेश इस बात को सामने लाता है कि किसी धारावाहिक की पहचान केवल उसके कलाकारों से नहीं बनती, बल्कि लेखन, निर्देशन, कैमरा, प्रकाश व्यवस्था और निर्माण से जुड़े तमाम लोगों के योगदान से तैयार होती है। इस तरह वीडियो में पूरी टीम के काम को सम्मान देने की कोशिश की गई।

‘क्योंकि सास भी कभी बहू थी’ भारतीय टेलीविजन के लोकप्रिय पारिवारिक धारावाहिकों में गिना जाता है। इसकी कहानी और तुलसी विरानी का किरदार लंबे समय तक दर्शकों के बीच चर्चा में रहा। स्मृति ईरानी ने तुलसी के रूप में अपनी अलग पहचान बनाई थी। धारावाहिक के दूसरे भाग में भी परिवार, रिश्तों, भावनाओं और पीढ़ियों के बीच बदलते संबंधों को कहानी का आधार बनाया गया है।

‘क्योंकि सास भी कभी बहू थी 2’ की कहानी तुलसी विरानी और उनके परिवार के इर्द-गिर्द घूमती है। कहानी में पारिवारिक त्रासदी, पुराने रहस्य और रिश्तों में पैदा हुए तनाव जैसे पहलू सामने आते हैं। लंबे अंतराल के बाद परिवार में लौटने वाली तुलसी को टूटे रिश्तों को जोड़ने और परिवार की एकता बनाए रखने की चुनौती का सामना करना पड़ता है। नई पीढ़ी के किरदारों के बीच प्रतिद्वंद्विता और पुराने विवाद कहानी को आगे बढ़ाते हैं।

शो में पुराने कलाकारों के साथ नई पीढ़ी के कलाकारों को भी जगह दी गई है। गौरी प्रधान नंदिनी विरानी के किरदार में दिखाई देती हैं, जबकि शक्ति आनंद, केतकी दवे और सुमीत सचदेव जैसे कलाकार भी कहानी का हिस्सा हैं। रोहित सुचांती और तनीषा मेहता नई पीढ़ी के प्रमुख किरदारों में शामिल हैं। वहीं, बरखा बिष्ट का नोइना साराभाई वाला किरदार परिवार के सामने नई चुनौतियां खड़ी करता है।

इस धारावाहिक का निर्माण बालाजी टेलीफिल्म्स के बैनर तले एकता कपूर और शोभा कपूर ने किया है। पारिवारिक रिश्तों और भावनात्मक उतार-चढ़ाव पर आधारित इस शो ने पुराने दर्शकों के साथ नई पीढ़ी के बीच भी अपनी जगह बनाने की कोशिश की है।

स्मृति ईरानी का यह वीडियो केवल शो को अलविदा कहने तक सीमित नहीं है, बल्कि यह उन लोगों के योगदान को भी सामने लाता है, जिनकी मेहनत अक्सर कैमरे के पीछे रह जाती है। कलाकारों के साथ तकनीकी और निर्माण टीम को सम्मान देने का यह अंदाज धारावाहिक की पूरी यात्रा को यादगार बनाने की कोशिश है। हालांकि, शो के समापन और आगे के प्रसारण को लेकर किसी भी अतिरिक्त जानकारी की पुष्टि आधिकारिक घोषणा से ही की जानी चाहिए।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Popular Articles