बॉलीवुड अभिनेत्री नोरा फतेही एक बार फिर सुकेश चंद्रशेखर से जुड़े 200 करोड़ रुपये के कथित वसूली मामले को लेकर चर्चा में हैं। दिल्ली की राउज एवेन्यू अदालत ने इस मामले में नोरा फतेही को समन जारी किया है। अदालत ने उन्हें 2 नवंबर 2026 को अभियोजन पक्ष की गवाह के रूप में पेश होने का निर्देश दिया है। इस खबर के सामने आने के बाद लोगों के मन में सवाल उठ रहे हैं कि आखिर इस मामले में नोरा फतेही की क्या भूमिका है और उन्हें अदालत में क्यों बुलाया गया है?
सबसे पहले यह समझना जरूरी है कि नोरा फतेही को इस मामले में आरोपी के तौर पर नहीं, बल्कि अभियोजन पक्ष की गवाह के रूप में बुलाया गया है। यानी अदालत में उनकी गवाही मामले से जुड़े तथ्यों और परिस्थितियों को स्पष्ट करने में महत्वपूर्ण हो सकती है। उनकी पेशी को लेकर चर्चा जरूर तेज है, लेकिन केवल समन जारी होने का अर्थ यह नहीं है कि उनके खिलाफ कोई अपराध साबित हो गया है।
यह पूरा मामला कथित ठग सुकेश चंद्रशेखर से जुड़ा है, जिस पर कई लोगों से धोखाधड़ी और वसूली करने के आरोप लगे हैं। इस मामले में पूर्व फोर्टिस हेल्थकेयर प्रमोटर शिविंदर मोहन सिंह की पत्नी अदिति सिंह से कथित तौर पर करीब 200 करोड़ रुपये की वसूली किए जाने का आरोप भी शामिल है। जांच एजेंसियां इस मामले में वित्तीय लेन-देन और उससे जुड़े अन्य पहलुओं की जांच कर चुकी हैं।
मामले की जांच के दौरान अभिनेत्री नोरा फतेही से भी पहले दिल्ली पुलिस और प्रवर्तन निदेशालय यानी ईडी पूछताछ कर चुके हैं। जांच एजेंसियां उनसे मामले से संबंधित जानकारी हासिल करना चाहती थीं। अब अदालत ने उन्हें अभियोजन पक्ष की गवाह के तौर पर तलब किया है। मामले में दाखिल तीसरी पूरक आरोपपत्र में भी उनका नाम गवाह के रूप में शामिल बताया गया है।
अदालत में गवाही के दौरान नोरा फतेही से मामले से संबंधित सवाल पूछे जा सकते हैं। उनकी गवाही से जांच के दौरान सामने आए तथ्यों को समझने और मामले की सुनवाई में मदद मिल सकती है। हालांकि, अदालत में उनसे कौन-कौन से सवाल पूछे जाएंगे और उनकी गवाही का मामले पर क्या प्रभाव पड़ेगा, यह सुनवाई के दौरान ही स्पष्ट होगा।
सुकेश चंद्रशेखर से जुड़े इस मामले ने पहले भी काफी सुर्खियां बटोरी हैं। कथित धोखाधड़ी और वसूली की रकम को लेकर जांच एजेंसियों ने कई पहलुओं की पड़ताल की है। इस मामले में अलग-अलग व्यक्तियों से पूछताछ और गवाहों के बयान जांच का हिस्सा रहे हैं। अब नोरा फतेही की प्रस्तावित पेशी के कारण यह मामला एक बार फिर चर्चा में आ गया है।
फिलहाल सभी की नजर 2 नवंबर 2026 को होने वाली अदालत की कार्यवाही पर है। नोरा फतेही की गवाही से मामले के कुछ पहलुओं पर और जानकारी सामने आ सकती है। हालांकि, उनकी भूमिका को लेकर किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले अदालत में सामने आने वाले तथ्यों और कानूनी प्रक्रिया को देखना जरूरी होगा।


