सकारात्मक वैश्विक संकेतों और आईटी सेक्टर में मजबूत खरीदारी के दम पर भारतीय शेयर बाजार ने शुक्रवार को शानदार शुरुआत की। शुरुआती कारोबार में बीएसई सेंसेक्स 653 अंकों से अधिक की बढ़त के साथ खुला, जबकि एनएसई निफ्टी 24,100 के स्तर के ऊपर पहुंच गया। बाजार में तेजी की सबसे बड़ी वजह वैश्विक बाजारों से मिले सकारात्मक संकेत और टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS) के मजबूत तिमाही नतीजे रहे।
शुरुआती कारोबार में बाजार में जोरदार तेजी
शुक्रवार सुबह कारोबार शुरू होते ही निवेशकों का रुझान खरीदारी की ओर दिखाई दिया। सेंसेक्स लगभग 653 अंक चढ़कर 77,395.63 के स्तर पर पहुंच गया, जबकि निफ्टी 50 करीब 162 अंक की बढ़त के साथ 24,124.70 पर कारोबार करता दिखा।
बाजार की इस तेजी ने निवेशकों का उत्साह बढ़ाया और अधिकांश सेक्टरों में सकारात्मक कारोबार देखने को मिला।
TCS के नतीजों का दिखा असर
आईटी कंपनी TCS के तिमाही नतीजों और अंतरिम डिविडेंड की घोषणा के बाद उसके शेयरों में शुरुआती कारोबार के दौरान करीब 4 प्रतिशत की तेजी देखी गई।
TCS की मजबूती का असर पूरे आईटी सेक्टर पर दिखाई दिया। इन्फोसिस, टेक महिंद्रा और HCL टेक जैसे प्रमुख आईटी शेयरों में भी अच्छी खरीदारी दर्ज की गई।
किन शेयरों में रही सबसे ज्यादा तेजी?
सेंसेक्स में शामिल प्रमुख बढ़त वाले शेयरों में—
TCS
Infosys
Tech Mahindra
HCL Technologies
InterGlobe Aviation (IndiGo)
शामिल रहे।
वहीं दूसरी ओर भारती एयरटेल और सन फार्मा जैसे कुछ शेयरों में शुरुआती कारोबार के दौरान कमजोरी देखने को मिली।
बाजार की चौड़ाई भी रही मजबूत
एनएसई पर शुरुआती कारोबार में बढ़त वाले शेयरों की संख्या गिरावट वाले शेयरों की तुलना में काफी अधिक रही। इससे यह संकेत मिला कि बाजार में खरीदारी केवल चुनिंदा शेयरों तक सीमित नहीं थी, बल्कि व्यापक स्तर पर सकारात्मक माहौल बना हुआ था।
Gift Nifty ने दिए थे मजबूत संकेत
बाजार खुलने से पहले Gift Nifty ने भी सकारात्मक शुरुआत के संकेत दिए थे। इससे पहले ही निवेशकों को मजबूत ओपनिंग की उम्मीद थी, जो बाजार खुलते ही सही साबित हुई।
विदेशी और घरेलू निवेशकों का रुख
हाल के कारोबारी सत्र में विदेशी संस्थागत निवेशकों (FIIs) ने शुद्ध बिकवाली की, जबकि घरेलू संस्थागत निवेशकों (DIIs) ने बाजार में खरीदारी जारी रखी। विश्लेषकों का मानना है कि घरेलू निवेशकों की लगातार भागीदारी बाजार को समर्थन दे रही है।
एशियाई बाजारों का असर
एशियाई बाजारों में भी अधिकांश प्रमुख सूचकांक बढ़त के साथ कारोबार करते दिखाई दिए। जापान और दक्षिण कोरिया के बाजारों में तेजी देखने को मिली, जबकि कुछ बाजारों में सीमित गिरावट भी दर्ज की गई। वैश्विक स्तर पर तकनीकी शेयरों में सुधार और निवेशकों की बेहतर धारणा का असर भारतीय बाजार पर भी दिखाई दिया।
निवेशकों के लिए क्या संकेत?
बाजार विशेषज्ञों का कहना है कि यदि सकारात्मक वैश्विक संकेत और कॉर्पोरेट नतीजे मजबूत बने रहते हैं, तो भारतीय शेयर बाजार में तेजी का रुख जारी रह सकता है। हालांकि निवेशकों को वैश्विक आर्थिक घटनाक्रम, कच्चे तेल की कीमतों और विदेशी निवेशकों की गतिविधियों पर भी नजर बनाए रखनी चाहिए।
निष्कर्ष
वैश्विक बाजारों से मिले सकारात्मक संकेत और TCS के मजबूत नतीजों ने भारतीय शेयर बाजार को शानदार शुरुआत दिलाई। आईटी शेयरों में खरीदारी और व्यापक बाजार की मजबूती ने निवेशकों का भरोसा बढ़ाया है। अब बाजार की आगे की दिशा आगामी कॉर्पोरेट नतीजों, वैश्विक संकेतों और निवेशकों की धारणा पर निर्भर करेगी।


