फटी एड़ियों की समस्या केवल सर्दियों तक सीमित नहीं है। कई लोगों को गर्मी, बारिश या हर मौसम में एड़ियों के रूखेपन और दरारों की शिकायत रहती है। इसके पीछे सिर्फ मौसम नहीं, बल्कि गलत फुटवियर, हार्मोनल बदलाव, लंबे समय तक खड़े रहना, त्वचा की देखभाल में लापरवाही और कुछ स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं भी जिम्मेदार हो सकती हैं। समय रहते ध्यान न देने पर एड़ियों में गहरी दरारें, दर्द और कभी-कभी खून आने जैसी परेशानी भी हो सकती है।
फटी एड़ियों की समस्या क्यों होती है?
एड़ियों की त्वचा में नमी कम होने पर वह रूखी होकर फटने लगती है। इसके कई कारण हो सकते हैं—
खुश्क मौसम या बार-बार गर्म पानी से नहाना।
लंबे समय तक एसी में रहना।
सख्त फर्श पर अधिक देर तक खड़े रहना।
नंगे पैर चलना।
गलत फिटिंग या पीछे से खुली चप्पल पहनना।
मोटापा, जिससे एड़ियों पर अधिक दबाव पड़ता है।
बढ़ती उम्र के साथ त्वचा की लोच कम होना।
डायबिटीज, हाइपोथायरॉयडिज्म, एग्जिमा या फंगल संक्रमण जैसी समस्याएं।
ये आदतें बढ़ा सकती हैं परेशानी
एड़ियों को मेटल स्क्रबर से जोर-जोर से रगड़ना।
बहुत ज्यादा स्क्रब करना।
रोजाना बहुत गर्म पानी से नहाना।
बिना कुशन वाले सख्त फुटवियर पहनना।
एड़ियों के शुरुआती रूखेपन को नजरअंदाज करना।
नहाने के बाद मॉइश्चराइजर न लगाना।
लंबे समय तक नंगे पैर चलना।
किन लोगों में ज्यादा होती है यह समस्या?
फटी एड़ियों की शिकायत इन लोगों में अधिक देखी जाती है—
अधिक वजन वाले लोग।
लंबे समय तक खड़े होकर काम करने वाले, जैसे शिक्षक, सेल्समैन और फैक्ट्री कर्मचारी।
डायबिटीज या त्वचा संबंधी रोगों से पीड़ित लोग।
रजोनिवृत्ति (मेनोपॉज) या हार्मोनल बदलाव से गुजर रही महिलाएं।
लगातार पानी में काम करने वाले लोग।
एड़ियों की देखभाल कैसे करें?
फटी एड़ियों से बचने के लिए रोजमर्रा की कुछ आदतें अपनाना काफी फायदेमंद हो सकता है—
दिन में दो बार मॉइश्चराइजर लगाएं।
ग्लिसरीन, यूरिया, सेरामाइड या लैक्टिक एसिड युक्त फुट क्रीम का इस्तेमाल करें।
नहाने या पैर धोने के तुरंत बाद मॉइश्चराइजर लगाएं।
सप्ताह में 1–2 बार प्यूमिक स्टोन से हल्के हाथों से डेड स्किन हटाएं।
आरामदायक और कुशन वाले फुटवियर पहनें।
पर्याप्त मात्रा में पानी पिएं।
रात को सोने से पहले फुट क्रीम लगाना न भूलें।
लंबे समय तक नंगे पैर चलने से बचें।
कब डॉक्टर से मिलना चाहिए?
यदि एड़ियों में—
गहरी दरारें पड़ जाएं।
खून आने लगे।
तेज दर्द या सूजन हो।
संक्रमण के लक्षण दिखाई दें।
घरेलू देखभाल के बाद भी सुधार न हो।
तो त्वचा रोग विशेषज्ञ (डर्मेटोलॉजिस्ट) से सलाह लेना जरूरी है। विशेष रूप से डायबिटीज के मरीजों को फटी एड़ियों को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए।
निष्कर्ष
फटी एड़ियां केवल सौंदर्य से जुड़ी समस्या नहीं, बल्कि कई बार स्वास्थ्य संबंधी परेशानी का संकेत भी हो सकती हैं। सही फुटवियर, नियमित मॉइश्चराइजिंग और पैरों की उचित देखभाल अपनाकर इस समस्या से काफी हद तक बचा जा सकता है। यदि समस्या गंभीर हो जाए, तो समय पर चिकित्सकीय सलाह लेना सबसे सुरक्षित विकल्प है।

