करीब चार साल बाद एकल टेनिस में वापसी करने वाली दिग्गज खिलाड़ी सेरेना विलियम्स का विंबलडन 2026 अभियान पहले ही दौर में समाप्त हो गया। ऑस्ट्रेलिया की 20 वर्षीय युवा खिलाड़ी माया जॉइंट ने शानदार खेल का प्रदर्शन करते हुए तीन सेटों के रोमांचक मुकाबले में सेरेना को हराकर टूर्नामेंट का सबसे बड़ा उलटफेर कर दिया।
सेंटर कोर्ट पर खेले गए मुकाबले में माया जॉइंट ने सेरेना विलियम्स को 6-3, 6-7 (8-6), 6-3 से मात दी। लगभग ढाई घंटे तक चले इस मुकाबले में दूसरे सेट के दौरान सेरेना ने एक मैच प्वाइंट बचाकर शानदार वापसी की और मुकाबले को निर्णायक सेट तक पहुंचाया। हालांकि तीसरे सेट में युवा खिलाड़ी ने लगातार दबाव बनाए रखा और जीत अपने नाम कर ली।
44 वर्षीय सेरेना विलियम्स ने वर्ष 2022 में पेशेवर एकल टेनिस से दूरी बना ली थी। इसी महीने उन्होंने अचानक वापसी का ऐलान किया था और विंबलडन से पहले केवल दो युगल मुकाबले खेले थे। ऐसे में प्रशंसकों को उम्मीद थी कि वह अपने सबसे सफल ग्रैंड स्लैम टूर्नामेंट में यादगार वापसी करेंगी, लेकिन उनका सफर पहले ही मैच में समाप्त हो गया।
सेरेना विलियम्स विंबलडन महिला एकल के ओपन युग में खेलने वाली दूसरी सबसे उम्रदराज खिलाड़ी बन गई हैं। उनसे पहले यह रिकॉर्ड नौ बार की चैंपियन मार्टिना नवरातिलोवा के नाम दर्ज है। सेरेना अपने करियर में सात बार विंबलडन महिला एकल का खिताब जीत चुकी हैं, जबकि उनका आखिरी ग्रैंड स्लैम खिताब वर्ष 2017 के ऑस्ट्रेलियन ओपन में आया था।
मैच की शुरुआत से पहले सेंटर कोर्ट पर दर्शकों ने सेरेना का गर्मजोशी से स्वागत किया। पूरा स्टेडियम तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा और कई प्रशंसक उनके समर्थन में पोस्टर लेकर पहुंचे। दूसरे सेट में वापसी के बाद ऐसा लगा कि अनुभवी खिलाड़ी मुकाबला पलट सकती हैं, लेकिन निर्णायक सेट में माया जॉइंट ने बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए जीत हासिल कर ली।
जीत के बाद माया जॉइंट ने कहा कि इस मुकाबले से पहले वह काफी तनाव में थीं और पूरी रात ठीक से सो भी नहीं सकीं। उन्होंने स्वीकार किया कि दूसरे सेट में सेरेना ने अपने अनुभव का पूरा इस्तेमाल किया, लेकिन आखिरकार वह अपना संयम बनाए रखने में सफल रहीं।
अब दूसरे दौर में माया जॉइंट का सामना फिलीपींस की युवा खिलाड़ी एलेक्जेंड्रा ईआला से होगा, जिन्होंने अपने शुरुआती मुकाबले में जीत दर्ज कर अगले दौर में जगह बनाई है।
महिला एकल वर्ग में मौजूदा चैंपियन इगा स्वियातेक ने भी जीत के साथ अपने अभियान की सफल शुरुआत की। शुरुआती चुनौती मिलने के बावजूद उन्होंने संयम बनाए रखा और दूसरे दौर का टिकट हासिल किया।
पुरुष एकल में फ्रेंच ओपन चैंपियन अलेक्जेंडर ज़्वेरेव ने बेल्जियम के युवा खिलाड़ी अलेक्जेंडर ब्लॉक्स को चार सेटों में हराकर अगले दौर में प्रवेश किया। वहीं चौथी वरीयता प्राप्त बेन शेल्टन को बड़ा झटका लगा और वह पहले ही दौर में बाहर हो गए। दूसरी ओर टेलर फ्रिट्ज और एलेक्स डी मिनॉर ने जीत के साथ अपने अभियान की शानदार शुरुआत की।
हालांकि सेरेना विलियम्स का महिला एकल अभियान समाप्त हो गया है, लेकिन उनका विंबलडन सफर अभी पूरी तरह खत्म नहीं हुआ है। अब वह अपनी बड़ी बहन वीनस विलियम्स के साथ महिला युगल प्रतियोगिता में उतरेंगी, जहां दोनों की नजर सातवें विंबलडन डबल्स खिताब पर होगी।


