कोलंबिया में नए राष्ट्रपति अबेलार्दो दे ला एस्प्रिएला के पदभार संभालने के ठीक एक दिन बाद देश के दक्षिण-पश्चिमी हिस्से में कार बम विस्फोट की घटना सामने आई है। शनिवार को पैन-अमेरिकन हाईवे पर स्थित एक टोल प्लाजा को निशाना बनाकर यह धमाका किया गया। विस्फोट के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई। घटना में दो सुरक्षाकर्मियों के घायल होने की जानकारी सामने आई है।
कोलंबियाई सेना के अनुसार, इस हमले के पीछे एफएआरसी से अलग हुए दो बागी गुटों का हाथ होने का आरोप लगाया गया है। बताया जा रहा है कि इन गुटों ने करीब एक दशक पहले एफएआरसी और कोलंबिया सरकार के बीच हुए शांति समझौते को स्वीकार नहीं किया था। इसी वजह से देश के कुछ इलाकों में इन गुटों की गतिविधियां अब भी सुरक्षा एजेंसियों के लिए चुनौती बनी हुई हैं।
यह विस्फोट देश के दक्षिण-पश्चिमी हिस्से में पैन-अमेरिकन हाईवे पर मौजूद एक टोल प्लाजा पर हुआ। यह मार्ग क्षेत्र में आवाजाही के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जाता है। धमाके के बाद सुरक्षा एजेंसियों ने इलाके को घेर लिया और स्थिति को नियंत्रित करने के लिए जरूरी कदम उठाए।
एक सुरक्षाकर्मी ने अधिकारियों को बताया कि जिस कार में विस्फोट हुआ, उसे एक व्यक्ति टोल प्लाजा के पास छोड़कर गया था। इसके बाद वह व्यक्ति मोटरसाइकिल से मौके से फरार हो गया। इस जानकारी के आधार पर सुरक्षा एजेंसियां घटना से जुड़े संदिग्धों और वाहन की गतिविधियों की जांच कर रही हैं।
धमाके में घायल हुए दोनों सुरक्षाकर्मियों को मामूली चोटें आने की जानकारी दी गई है। फिलहाल किसी बड़े जनहानि की सूचना सामने नहीं आई है। घटना के बाद हाईवे पर यातायात प्रभावित हुआ और अधिकारियों की ओर से रास्ते को दोबारा सामान्य करने के प्रयास शुरू किए गए।
कोलंबिया की परिवहन मंत्री एल्सा नोगुएरा ने हमले की निंदा की है। उन्होंने कहा कि इलाके में यातायात व्यवस्था को जल्द से जल्द बहाल करने के प्रयास किए जा रहे हैं। सुरक्षा एजेंसियां भी घटना के बाद आसपास के क्षेत्र में निगरानी बढ़ा रही हैं।
यह हमला ऐसे समय हुआ है जब कोलंबिया में नई सरकार ने अपना कार्यभार संभाला है। 48 वर्षीय वकील और कारोबारी अबेलार्दो दे ला एस्प्रिएला ने जून में हुए राष्ट्रपति चुनाव में प्रगतिशील विचारधारा वाले सीनेटर और पूर्व राष्ट्रपति गुस्तावो पेत्रो के सहयोगी इवान सेपेडा को मामूली अंतर से हराया था।
राष्ट्रपति के शपथ ग्रहण के तुरंत बाद हुई इस घटना ने देश की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। हालांकि, अभी जांच शुरुआती चरण में है और हमले के पीछे की पूरी साजिश तथा इसमें शामिल लोगों के बारे में विस्तृत जानकारी सामने आना बाकी है।
सुरक्षा एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि कार को टोल प्लाजा तक कौन लेकर आया था और हमले की योजना किस तरह तैयार की गई थी। इसके साथ ही आसपास लगे कैमरों और अन्य संभावित साक्ष्यों की भी जांच की जा सकती है।
फिलहाल कोलंबियाई अधिकारियों की प्राथमिकता इलाके में सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने और यातायात को सामान्य करने की है। सेना द्वारा लगाए गए आरोपों की जांच के बाद ही हमले की जिम्मेदारी और इसके पीछे की पूरी परिस्थितियां स्पष्ट हो सकेंगी। नए राष्ट्रपति के कार्यकाल की शुरुआत के तुरंत बाद हुई इस घटना पर अब देश और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी नजर बनी हुई है।


