अमरावती की पूर्व सांसद Navneet Rana ने राज्यसभा सीट को लेकर चल रही राजनीतिक चर्चाओं पर विराम लगाते हुए स्पष्ट किया है कि उनकी निष्ठा भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के प्रति अटूट है। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि किसी भी राजनीतिक पद या अवसर के लिए वह अपनी विचारधारा से समझौता नहीं करेंगी।
एक सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए नवनीत राणा ने कहा कि वह भाजपा की एक समर्पित और ईमानदार कार्यकर्ता हैं और प्रधानमंत्री Narendra Modi, केंद्रीय गृह मंत्री Amit Shah तथा महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री Devendra Fadnavis के नेतृत्व में काम कर रही हैं। उन्होंने कहा कि वह भविष्य में भी पूरी निष्ठा के साथ भाजपा के लिए कार्य करती रहेंगी।
राणा ने यह भी खुलासा किया कि Sunetra Pawar और Parth Pawar ने उन्हें राज्यसभा भेजने की इच्छा जताई थी। उन्होंने कहा कि दोनों नेताओं ने उनके काम और राजनीतिक अनुभव को देखते हुए उनकी उम्मीदवारी पर विचार किया था, जिसके लिए वह उनकी आभारी हैं।
पूर्व सांसद के अनुसार, हाल ही में मुंबई में उपमुख्यमंत्री Ajit Pawar के आवास पर उनकी मुलाकात सुनेत्रा पवार से हुई थी। इस दौरान उन्हें बताया गया कि राज्यसभा का नामांकन स्वीकार करने के लिए उन्हें राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) में शामिल होना होगा।
नवनीत राणा ने कहा कि यह शर्त उन्हें स्वीकार नहीं थी। उन्होंने स्पष्ट किया कि वह किसी भी परिस्थिति में भाजपा छोड़कर किसी अन्य दल में शामिल नहीं होंगी। उन्होंने यह भी बताया कि मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के निर्देश पर उन्होंने स्वयं सुनेत्रा पवार से मुलाकात कर अनुरोध किया था कि एनसीपी की राज्यसभा सीट भाजपा के लिए छोड़ी जाए, लेकिन ऐसा संभव नहीं हो सका।
हालांकि उन्होंने इस पूरे घटनाक्रम के बावजूद सुनेत्रा पवार और पार्थ पवार का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि उनके प्रति विश्वास जताना और राज्यसभा के लिए उनके नाम पर विचार करना सम्मान की बात है।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि नवनीत राणा का यह बयान महाराष्ट्र की राजनीति में महत्वपूर्ण संकेत देता है। राज्यसभा चुनाव और आगामी राजनीतिक समीकरणों के बीच उनकी भाजपा के प्रति सार्वजनिक प्रतिबद्धता ने कई अटकलों पर विराम लगा दिया है।
फिलहाल उनके बयान के बाद यह स्पष्ट हो गया है कि नवनीत राणा भविष्य में भी भाजपा के साथ अपनी राजनीतिक यात्रा जारी रखना चाहती हैं और किसी अन्य दल में शामिल होने की संभावना से उन्होंने साफ इनकार कर दिया है।


