उत्तर प्रदेश के संभल जिले में सरकारी जमीन पर बने कथित अवैध निर्माण को लेकर प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई की तैयारी शुरू कर दी है। नखासा थाना क्षेत्र के कसेरुआ गांव स्थित मुस्तफा कादरी मस्जिद को लेकर प्रशासन का दावा है कि इसका निर्माण सरकारी भूमि पर किया गया है। मामले की जांच के बाद अब ध्वस्तीकरण की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जा रही है।
प्रशासनिक अधिकारियों के अनुसार संबंधित मस्जिद लगभग 120 वर्ग मीटर क्षेत्र में निर्मित है। प्रारंभिक जांच में यह पाया गया कि जिस भूमि पर निर्माण किया गया है, वह सरकारी रिकॉर्ड में सरकारी जमीन के रूप में दर्ज है। इसके बाद राजस्व विभाग और अन्य संबंधित विभागों ने मामले को गंभीरता से लेते हुए कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी।
इस संबंध में तहसीलदार धीरेंद्र कुमार ने एक विशेष टीम का गठन किया है। टीम को निर्माण की स्थिति का सत्यापन करने, आवश्यक दस्तावेजों की समीक्षा करने और कानूनी प्रक्रिया के अनुरूप आगे की कार्रवाई सुनिश्चित करने की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
प्रशासन का कहना है कि ध्वस्तीकरण से पहले सभी वैधानिक प्रक्रियाओं का पालन किया जाएगा। संबंधित पक्षों को नियमों के तहत नोटिस और सुनवाई का अवसर देने के बाद ही अंतिम कार्रवाई की जाएगी।
अधिकारियों के मुताबिक सरकारी भूमि पर अवैध कब्जों और निर्माणों के खिलाफ अभियान लगातार जारी है। इसी क्रम में इस मामले की भी जांच की गई और उपलब्ध अभिलेखों के आधार पर कार्रवाई की तैयारी की गई है।
फिलहाल स्थानीय प्रशासन की टीम पूरे मामले की निगरानी कर रही है। आने वाले दिनों में जांच और कानूनी प्रक्रिया पूरी होने के बाद आगे की कार्रवाई की जा सकती है। प्रशासन का कहना है कि कानून के अनुसार जो भी निर्णय होगा, उसी के अनुरूप कदम उठाए जाएंगे।
यह मामला जिले में चर्चा का विषय बना हुआ है और प्रशासनिक कार्रवाई पर सभी की नजरें टिकी हुई हैं। वहीं अधिकारी लगातार यह स्पष्ट कर रहे हैं कि पूरी प्रक्रिया कानून और न्यायिक दिशा-निर्देशों के अनुरूप ही पूरी की जाएगी।


