उत्तर प्रदेश के शामली जिले में सामने आया एक कथित धर्मांतरण मामला इन दिनों चर्चा का विषय बना हुआ है। पुलिस ने इस मामले में मुख्य आरोपी चांदनी कुरैशी और उसके पिता इस्लाम को गिरफ्तार किया है। मामला एक कारोबारी परिवार के बेटे आयुष मलिक से जुड़ा है, जिसके धर्म परिवर्तन को लेकर परिवार ने गंभीर आरोप लगाए हैं।
पुलिस में दर्ज शिकायत के अनुसार आयुष मलिक के पिता देवराज मलिक ने आरोप लगाया है कि उनके बेटे को सुनियोजित तरीके से प्रभावित कर धर्म परिवर्तन के लिए प्रेरित किया गया। शिकायत में कहा गया है कि वर्ष 2018 में अस्पताल में हुई मुलाकात के बाद चांदनी कुरैशी ने आयुष के साथ नजदीकियां बढ़ाईं और धीरे-धीरे उस पर प्रभाव स्थापित किया।
परिजनों के मुताबिक आयुष के पैर में फ्रैक्चर होने के दौरान फिजियोथेरेपी के सिलसिले में उसकी मुलाकात चांदनी से हुई थी। उस समय चांदनी फिजियोथेरेपिस्ट और जिम ट्रेनर के रूप में कार्य कर रही थी। आरोप है कि इसी दौरान दोनों के बीच संपर्क बढ़ा और बाद में यह संबंध काफी गहरा हो गया।
शिकायत में यह भी दावा किया गया है कि चांदनी के भाई को परिवार की आर्थिक स्थिति और संपत्ति की जानकारी थी। परिवार का आरोप है कि इसी जानकारी के आधार पर आयुष को योजनाबद्ध तरीके से प्रभावित किया गया। आयुष के पिता का कहना है कि उनकी संपत्ति करोड़ों रुपये की है और इसी कारण उनके बेटे को निशाना बनाया गया।
पुलिस के अनुसार शिकायत के आधार पर चांदनी कुरैशी, उसके पिता समेत कई अन्य लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। इस केस में कुछ मौलवियों और अन्य व्यक्तियों के नाम भी सामने आए हैं। पुलिस सभी आरोपों की जांच कर रही है और संबंधित पक्षों से पूछताछ जारी है।
फिलहाल पुलिस का कहना है कि मामले की निष्पक्ष जांच की जा रही है और जांच पूरी होने के बाद ही सभी तथ्यों की स्पष्ट जानकारी सामने आ सकेगी। वहीं इस पूरे घटनाक्रम के बाद शामली में चर्चा और तनाव का माहौल बना हुआ है।
ध्यान देने वाली बात यह है कि मामले में लगाए गए सभी आरोप जांच के दायरे में हैं और अंतिम निष्कर्ष अदालत एवं पुलिस जांच के बाद ही सामने आएगा।


