यूएई के उपप्रधानमंत्री और दुबई के क्राउन प्रिंस शेख हमदान बिन मोहम्मद अल मकतूम ने भारतीय फ्लाईदुबई पायलट स्मित मच्छार से मुलाकात कर उनके साहस की सराहना की। अबू धाबी में हुई इस मुलाकात के दौरान शेख हमदान ने कॉकपिट में हुए हमले के दौरान यात्रियों की सुरक्षा के लिए पायलट द्वारा दिखाई गई हिम्मत और जिम्मेदारी की प्रशंसा की।
यह घटना बुधवार को दुबई से तेल अवीव जा रही फ्लाईदुबई की एक उड़ान में हुई थी। उड़ान के दौरान कॉकपिट में मौजूद सह-पायलट पर विमान में इस्तेमाल होने वाली कुल्हाड़ी से हमला करने और विमान पर नियंत्रण हासिल करने की कोशिश करने का आरोप है। इस अचानक हुई घटना के बाद विमान के कॉकपिट में गंभीर स्थिति पैदा हो गई।
बताया गया है कि इस दौरान भारतीय पायलट स्मित मच्छार घायल हो गए। इसके बावजूद उन्होंने स्थिति को संभालने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। विमान में कुल 174 यात्री सवार थे और घटना के बाद भी विमान को सुरक्षित तरीके से उतार लिया गया। इस घटना के बाद पायलट की भूमिका को लेकर काफी चर्चा हुई।
मुलाकात के बाद शेख हमदान ने सोशल मीडिया पर पायलट के साहस की प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि स्मित मच्छार ने बेहद हिम्मत, जिम्मेदारी और इंसानी जिंदगी की परवाह का प्रदर्शन किया। उन्होंने यह भी कहा कि यूएई के नेतृत्व की ओर से पायलट तक प्रशंसा पहुंचाई गई है।
शेख हमदान ने स्मित मच्छार को यूएई की टीम और देश की कहानी का हिस्सा बताया। उन्होंने उनके साहस को मानवीय मूल्यों से जोड़ते हुए कहा कि यह उन मूल्यों का हिस्सा है, जिनके लिए यूएई खुद को दया, शांति और जीवन की सुरक्षा से जोड़ता है।
हमले के बाद स्मित मच्छार अबू धाबी में स्वास्थ्य लाभ कर रहे हैं। घटना को यूएई अधिकारियों ने आतंकवादी हमला बताया है और मामले की जांच की जा रही है। जांच में यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि घटना की पूरी परिस्थितियां क्या थीं और कॉकपिट में मौजूद सह-पायलट ने ऐसा कदम क्यों उठाया।
हवाई यात्रा के दौरान कॉकपिट की सुरक्षा को सबसे महत्वपूर्ण माना जाता है। विमान के उड़ान भरने के बाद पायलट और सह-पायलट की जिम्मेदारी सिर्फ विमान को संचालित करने तक सीमित नहीं रहती, बल्कि आपात स्थिति में यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करना भी उनकी अहम जिम्मेदारी होती है।
इस घटना में सबसे महत्वपूर्ण बात यह रही कि कॉकपिट के अंदर गंभीर स्थिति बनने के बावजूद विमान सुरक्षित रूप से अपने गंतव्य तक पहुंचा। 174 यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित होने के बाद अब इस पूरे मामले की जांच और पायलट की सेहत पर नजर बनी हुई है।
भारतीय पायलट स्मित मच्छार से यूएई के वरिष्ठ नेतृत्व की मुलाकात ने भी इस घटना के महत्व को दिखाया है। पायलट के साहस की सार्वजनिक तौर पर सराहना की गई है और उनके जल्द स्वस्थ होने की कामना की जा रही है।
फिलहाल घटना की जांच जारी है और अधिकारियों की ओर से सामने आने वाली आगे की जानकारी से यह स्पष्ट होगा कि कॉकपिट में हमले की पूरी वजह क्या थी और घटना के दौरान विमान को सुरक्षित रखने के लिए कौन-कौन से कदम उठाए गए थे।


