न्यूयॉर्क में आर्यना सबालेंका का दबदबा एक बार फिर देखने को मिला है। बेलारूस की शीर्ष वरीय खिलाड़ी ने अमेरिका की जेसिका पेगुला को सीधे सेटों में हराकर यूएस ओपन के फाइनल में जगह बना ली है। गुरुवार रात खेले गए सेमीफाइनल में सबालेंका ने पेगुला को 7-5, 6-2 से शिकस्त दी। इस जीत के साथ न्यूयॉर्क में उनकी लगातार जीत का सिलसिला 19 मुकाबलों तक पहुंच गया है। अब सबालेंका लगातार तीसरी बार यूएस ओपन का खिताब जीतने से सिर्फ एक कदम दूर हैं।
सेमीफाइनल की शुरुआत में दोनों खिलाड़ियों के बीच कड़ा मुकाबला देखने को मिला। पहले सेट के शुरुआती आठ गेम तक स्कोर बराबरी पर रहा। पेगुला ने सबालेंका के तेज और ताकतवर शॉट्स का शानदार तरीके से सामना किया। दूसरी ओर सबालेंका लगातार आक्रामक टेनिस खेल रही थीं, हालांकि उनके कुछ शॉट्स में गलतियां भी देखने को मिलीं। यही वजह थी कि पहला सेट लंबे समय तक बेहद रोमांचक बना रहा और किसी भी खिलाड़ी के पक्ष में जा सकता था।
4-4 के स्कोर पर पेगुला के पास बढ़त हासिल करने का अच्छा मौका आया। सबालेंका की गलती के बाद अमेरिकी खिलाड़ी को ब्रेक का अवसर मिला, लेकिन बेलारूसी खिलाड़ी ने दबाव में शानदार फोरहैंड लगाकर खतरा टाल दिया। इसके बाद एक और बेहतरीन शॉट के जरिए उन्होंने अपनी सर्विस बचा ली। यह मौका पेगुला के लिए बेहद महत्वपूर्ण था, लेकिन वह इसका फायदा नहीं उठा सकीं।
इसके बाद सबालेंका ने मुकाबले की दिशा बदलनी शुरू कर दी। 5-6 के स्कोर पर जब पेगुला अपनी सर्विस पर थीं, तब सबालेंका ने अचानक आक्रामकता बढ़ा दी। लगातार तेज शॉट लगाते हुए उन्होंने तीन सेट प्वाइंट हासिल कर लिए। पेगुला ने पहला सेट प्वाइंट बचा लिया, लेकिन दूसरे मौके पर सबालेंका ने कोई गलती नहीं की और पहला सेट 7-5 से अपने नाम कर लिया। करीब 43 मिनट चले इस सेट के बाद सबालेंका का आत्मविश्वास और बढ़ गया।
दूसरे सेट में सबालेंका ने शुरुआत से ही पेगुला पर दबाव बनाए रखा। स्कोर 1-1 तक बराबर रहा, लेकिन इसके बाद बेलारूसी खिलाड़ी ने पेगुला की दूसरी सर्विस को लगातार निशाना बनाना शुरू किया। चौथे मौके पर उन्होंने शानदार फोरहैंड के साथ पेगुला की सर्विस तोड़ दी और फिर 4-1 की बढ़त बना ली। इसके बाद सबालेंका ने मुकाबले पर अपनी पकड़ मजबूत बनाए रखी और पेगुला को वापसी का कोई बड़ा मौका नहीं दिया। आखिर में एक और सर्विस ब्रेक के साथ उन्होंने करीब एक घंटे 20 मिनट में मैच खत्म कर दिया।
आंकड़ों पर नजर डालें तो सबालेंका ने मुकाबले में 29 विनिंग शॉट लगाए, जबकि पेगुला सिर्फ 12 विनर्स लगा सकीं। खास बात यह रही कि सबालेंका को पूरे मैच में अपनी सर्विस गंवानी नहीं पड़ी और उन्हें सिर्फ एक ब्रेक प्वाइंट बचाना पड़ा। वहीं पेगुला की दूसरी सर्विस काफी कमजोर साबित हुई। उन्होंने दूसरी सर्विस पर मिले 19 में से सिर्फ पांच अंक हासिल किए। यही अंतर मुकाबले के नतीजे में अहम साबित हुआ।
मैच के बाद पेगुला ने माना कि सबालेंका लगातार बेहतर होती चली गईं। उन्हें उम्मीद थी कि किसी समय सबालेंका के खेल का स्तर थोड़ा नीचे आएगा, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। दूसरी तरफ सबालेंका ने कहा कि पूरे मुकाबले के दौरान उन्हें महसूस हो रहा था कि उनके फैसले सही साबित हो रहे हैं और उनका खेल लगातार नियंत्रण में था।
सबालेंका और पेगुला के बीच यूएस ओपन में मुकाबले अब एक खास प्रतिद्वंद्विता का रूप लेते जा रहे हैं। 2024 के फाइनल में भी दोनों आमने-सामने आई थीं, जहां सबालेंका ने 7-5, 7-5 से जीत हासिल की थी। इसके बाद अगले साल भी दोनों की भिड़ंत हुई और पेगुला ने शुरुआत में सबालेंका को कड़ी चुनौती दी, लेकिन बेलारूसी खिलाड़ी ने शानदार वापसी करते हुए मुकाबला अपने नाम कर लिया। इस बार हालांकि सबालेंका ने सीधे सेटों में जीत दर्ज की।
इस यूएस ओपन में सबालेंका का सफर भी शानदार रहा है। उन्होंने शुरुआती मुकाबलों में कैमिला ओसोरियो, पोलिना इयात्सेंको, कामिला राखीमोवा और टेलर टाउनसेंड को बिना कोई सेट गंवाए हराया। क्वार्टर फाइनल में उन्हें विम्बलडन चैंपियन लिंडा नोस्कोवा से कड़ी चुनौती मिली। यह मुकाबला तीन सेट तक चला, लेकिन सबालेंका ने 7-6, 3-6, 7-6 से जीत दर्ज करके सेमीफाइनल में जगह बनाई।
अब शनिवार को फाइनल में सबालेंका का सामना एलेना रिबाकिना से होगा। इस मुकाबले का महत्व सिर्फ खिताब तक सीमित नहीं है। रिबाकिना के फाइनल में पहुंचने के साथ ही यह तय हो चुका है कि अगली रैंकिंग में सबालेंका की नंबर एक की बादशाहत खत्म हो जाएगी। इसके बावजूद सबालेंका का पूरा ध्यान खिताब पर है। अगर वह फाइनल जीतती हैं तो लगातार तीन यूएस ओपन खिताब जीतने वाली क्रिस एवर्ट और सेरेना विलियम्स के बाद तीसरी महिला खिलाड़ी बनने की उपलब्धि हासिल कर सकती हैं। सबालेंका लगातार चौथी बार यूएस ओपन के फाइनल में पहुंची हैं और अब शनिवार को उनके सामने इतिहास रचने का बड़ा मौका होगा।


