बॉलीवुड अभिनेत्री करीना कपूर इन दिनों अपनी आने वाली फिल्म ‘दायरा’ को लेकर सुर्खियों में हैं। इस फिल्म की सबसे खास बात यह है कि करीना कपूर पहली बार निर्देशक मेघना गुलजार के साथ काम कर रही हैं। फिल्म में उनके साथ पृथ्वीराज सुकुमारन भी नजर आएंगे और करीना एक गंभीर पुलिस अधिकारी की भूमिका निभाती दिखाई देंगी। करीब 26 साल लंबे फिल्मी करियर में करीना ने बॉलीवुड के कई बड़े निर्देशकों के साथ काम किया है, लेकिन मेघना गुलजार के साथ उनका यह पहला प्रोजेक्ट है। यही वजह है कि इस फिल्म को लेकर करीना के लिए उत्साह के साथ-साथ एक अलग तरह की भावनात्मक जुड़ाव भी देखने को मिल रहा है।
करीना कपूर के लिए ‘दायरा’ सिर्फ एक और फिल्म नहीं है, बल्कि इसके पीछे उनके परिवार और बॉलीवुड के पुराने रिश्तों की एक दिलचस्प कहानी भी जुड़ी हुई है। करीना की सास और दिग्गज अभिनेत्री शर्मिला टैगोर का मेघना गुलजार के पिता और मशहूर गीतकार एवं फिल्मकार गुलजार के साथ पुराना पेशेवर जुड़ाव रहा है। शर्मिला टैगोर ने गुलजार के साथ कई फिल्मों में काम किया है। ऐसे में अब करीना का गुलजार की बेटी मेघना गुलजार के निर्देशन में काम करना एक तरह से उस पुराने फिल्मी रिश्ते की नई कड़ी बन गया है।
हाल ही में ‘दायरा’ के संगीत जारी करने के कार्यक्रम में करीना कपूर ने गुलजार के साथ मंच साझा किया। इस दौरान उन्होंने अपने मन की कई बातें साझा कीं। करीना ने बताया कि वह बचपन से ही गुलजार की फिल्मों को देखती आई हैं और उनके लिखे हुए गीत सुनती रही हैं। उनके लिए गुलजार सिर्फ बॉलीवुड के एक दिग्गज कलाकार नहीं हैं, बल्कि उनके बचपन और परिवार से जुड़ी हुई एक परिचित शख्सियत भी हैं। यही वजह है कि गुलजार के साथ मंच साझा करना उनके लिए बेहद भावुक और खास पल बन गया।
करीना ने इस दौरान अपनी थोड़ी घबराहट का भी जिक्र किया। उन्होंने बताया कि गुलजार साहब के सामने खड़े होना उनके लिए सामान्य अनुभव नहीं था। बचपन से जिनकी फिल्मों और गानों को देखा-सुना हो, उनके साथ एक ही मंच पर खड़े होना अपने आप में भावुक कर देने वाला पल होता है। हालांकि इसे लेकर करीना ने जिस तरह अपनी भावनाएं जाहिर कीं, उससे साफ था कि उनके मन में गुलजार के लिए बेहद सम्मान है।
करीना ने अपनी सास शर्मिला टैगोर और गुलजार के पुराने संबंधों का भी जिक्र किया। उन्होंने बताया कि शर्मिला टैगोर को गुलजार के साथ कई फिल्मों में काम करने का मौका मिला था। अब उनके अपने करियर में गुलजार की बेटी मेघना गुलजार के साथ काम करने का अवसर आया है। इस तरह उनके परिवार की एक पुरानी फिल्मी कहानी उनके करियर के नए दौर से जुड़ती हुई दिखाई दे रही है। करीना के लिए यह महज एक पेशेवर सहयोग नहीं बल्कि भावनाओं से जुड़ा हुआ अनुभव बन गया है।
करीना ने यहां तक कहा कि उन्हें लगता है कि उनका फिल्मी करियर तब तक पूरा नहीं हो सकता, जब तक उसमें गुलजार साहब का कोई गाना शामिल न हो। उनके इस बयान से अंदाजा लगाया जा सकता है कि गुलजार की रचनात्मकता का उनके मन पर कितना प्रभाव रहा है। करीना का यह अनुभव उस भावनात्मक जुड़ाव को भी दिखाता है, जो नई पीढ़ी के कलाकारों और उनके परिवारों का पुराने दौर के फिल्मकारों से बना हुआ है।
‘दायरा’ में करीना कपूर एक पुलिस अधिकारी के गंभीर किरदार में नजर आएंगी। इस भूमिका के जरिए वह एक बार फिर अपने अभिनय के अलग पक्ष को दर्शाने की कोशिश करती दिखाई देंगी। उनके साथ पृथ्वीराज सुकुमारन भी फिल्म का अहम हिस्सा हैं। मेघना गुलजार की फिल्मों की पहचान गंभीर विषयों, मजबूत कहानी और किरदारों की गहराई के लिए रही है। ऐसे में करीना और मेघना का यह पहला सहयोग दर्शकों के लिए भी काफी दिलचस्प होने वाला है।
करीना के 26 साल के करियर में उन्होंने रोमांस, कॉमेडी, ड्रामा और गंभीर भूमिकाओं से लेकर कई अलग-अलग तरह के किरदार निभाए हैं। लेकिन मेघना गुलजार के साथ काम करने का अनुभव उनके लिए कुछ अलग है। खासकर इसलिए क्योंकि इस प्रोजेक्ट के जरिए उनके परिवार का पुराना रिश्ता भी उनके पेशेवर जीवन से जुड़ रहा है। यही वजह है कि करीना इस फिल्म को लेकर भावुक नजर आ रही हैं।
कुल मिलाकर ‘दायरा’ करीना कपूर के लिए सिर्फ एक नई फिल्म नहीं बल्कि उनके करियर और परिवार के पुराने फिल्मी रिश्तों को जोड़ने वाला खास पड़ाव बन गई है। गुलजार की फिल्मों और गीतों से बचपन से प्रभावित रहीं करीना अब उनकी बेटी मेघना गुलजार के निर्देशन में काम कर रही हैं। यही कड़ी उनके लिए इस अनुभव को और खास बनाती है। अब देखना होगा कि मेघना के निर्देशन और करीना के अभिनय का यह पहला साथ पर्दे पर किस तरह का असर छोड़ता है और गंभीर पुलिस अधिकारी के किरदार में करीना दर्शकों को कितना प्रभावित कर पाती हैं।


